एकता की ओर लौटता कोलता समाज: मतभेद भुलाकर संगठित होने का लिए संकल्प!



धरमजयगढ़। दिनांक 19 फरवरी 2026 को कोलता समाज आंचलिक सभा धरमजयगढ़–उदयपुर की सामान्य सभा बैठक श्रद्धा और सामूहिक संकल्प के वातावरण में संपन्न हुई। कार्यक्रम का शुभारंभ समाज की इष्ट देवी मां रणेश्वर राम चंडी की पूजा-अर्चना एवं वंदना-स्तुति के साथ किया गया, जिससे सभा का वातावरण आध्यात्मिक आस्था से ओतप्रोत हो उठा।


वहीं शाखा सभा अध्यक्ष ससकोबा निराकार प्रधान ने उपस्थित पदाधिकारियों एवं प्रबुद्ध जनों का आत्मीय स्वागत करते हुए सभा की भूमिका प्रस्तुत की। उन्होंने आंचलिक सभा धरमजयगढ़–उदयपुर के दो गुटों में विभाजित होने की स्थिति पर चिंता व्यक्त करते हुए समाज की एकता के लिए पुरजोर समर्थन दिया। दर्रीडीह एवं कापू शाखा के अध्यक्ष मोतीलाल प्रधान तथा विद्याधर प्रधान ने भी समाज को एक सूत्र में पिरोने की आवश्यकता पर बल दिया। और वहीं रायगढ़ संभाग से उपस्थित द्वय सचिव जगन्नाथ प्रधान और टिकेश्वर गुप्ता, आंचलिक सभा अध्यक्ष निरंजन प्रधान सहित प्रबुद्धजन—जगदीश प्रधान, श्यामलाल नायक, चुलेश्वर प्रधान, नंदलाल बारीक, गणेश प्रधान और चक्रधर प्रधान—ने अपने विचार व्यक्त करते हुए एकता को समय की सबसे बड़ी आवश्यकता बताया।


वहीं बैठक में पूर्व आंचलिक सहसचिव टीमन राम बारीक ने समाज के ऐतिहासिक परिप्रेक्ष्य को रेखांकित करते हुए बताया कि मुरलीधर प्रधान के निधन के एक वर्ष पश्चात, वर्ष 2016–17 में वैचारिक मतभेदों के कारण समाज दो गुटों—निरंजन प्रधान और दौलत प्रधान के नेतृत्व में—विभाजित हो गया था। यह विभाजन केवल संगठनात्मक नहीं, बल्कि सामाजिक और भावनात्मक स्तर पर भी गहरा प्रभाव छोड़ गया। आगे उन्होंने कहा कि गुटबंदी के कारण आपसी विश्वास में कमी, सामाजिक समरसता में दरार, भाईचारे का क्षरण, विकास कार्यों में बाधा तथा मानसिक अशांति जैसे दुष्परिणाम सामने आए। यह स्थिति समाज की सामूहिक प्रगति के लिए अत्यंत हानिकारक सिद्ध हुई।


वहीं सभा में सर्वसम्मति से यह संकल्प लिया गया कि दोनों गुट आपसी मतभेदों को भुलाकर एकजुट होकर सामाजिक, धार्मिक एवं विकासात्मक गतिविधियों में सहभागिता करेंगे। उपस्थित जनसमूह ने इस प्रस्ताव का समर्थन करते हुए समाज की पुनः एकता का मार्ग प्रशस्त करने का दृढ़ निश्चय व्यक्त किया। बैठक में बड़ी संख्या में पदाधिकारी एवं प्रबुद्धजन उपस्थित रहे। समापन के साथ यह आशा व्यक्त की गई कि कोलता समाज एक नई ऊर्जा और एकता के साथ भविष्य की ओर अग्रसर होगा।

Post a Comment

Previous Post Next Post